ललितपुर। जनपद ललितपुर के ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित निजी विद्यालयों को जिला पंचायत द्वारा जारी किए गए हैसियत एवं जायदाद कर तथा विद्यालय लाइसेंस/लाइसेंस नवीनीकरण संबंधी नोटिसों के विरोध में आज प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन के ब्लॉक तालबेहट अध्यक्ष संजीव शर्मा के नेतृत्व में तहसील तालबेहट में तहसीलदार श्री पियूष भार्गव को ज्ञापन सौंपा गया।
एसोसिएशन की ओर ब्लॉक अध्यक्ष.संजीव शर्मा कहा गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित निजी विद्यालय व्यावसायिक प्रतिष्ठान नहीं हैं, बल्कि अधिकांश विद्यालय सोसाइटी/गैर-लाभकारी संस्थाओं द्वारा संचालित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन विद्यालयों का उद्देश्य लाभ कमाना नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना और शिक्षा के क्षेत्र में सेवा प्रदान करना है।
ज्ञापन में कहा गया कि विद्यालय से प्राप्त होने वाली फीस अथवा अन्य आय किसी व्यक्ति विशेष की व्यक्तिगत आय नहीं होती। विद्यालय की समस्त प्राप्तियां शिक्षकों एवं कर्मचारियों के वेतन, भवन, बिजली-पानी, शिक्षण सामग्री, रखरखाव, विद्यार्थियों की सुविधाओं तथा अन्य शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यों में व्यय होती हैं। विद्यालयों का संचालन मूल रूप से “नोट फॉर प्रॉफिट” के आधार पर किया जा रहा है।
एसोसिएशन ने मांग की कि निजी विद्यालयों को सामान्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान मानकर उन पर हैसियत एवं जायदाद कर निर्धारित करना तथा जिला पंचायत का पृथक लाइसेंस लेने के लिए बाध्य करना उचित नहीं है। इसलिए जिला पंचायत द्वारा जारी किए गए दोनों प्रकार के नोटिस तत्काल प्रभाव से निरस्त किए जाएं तथा ग्रामीण क्षेत्र के निजी विद्यालयों को अनावश्यक आर्थिक एवं प्रशासनिक दबाव से राहत प्रदान की जाए।
ज्ञापन सौंपने के दौरान संबंधित तहसील के तहसीलदार श्री पियूष भार्गव को ज्ञापन दिया गया। इस अवसर पर प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन के तालबेहट ब्लॉक अध्यक्ष संजीव शर्मा के साथ विभिन्न विद्यालयों के प्रबंधक एवं प्रतिनिधि श्री मनोज कुमार तिवारी (ब्लाक महामंत्री ) , संदीप नामदेव , गौरव चौबे , दीपक कुमार गोस्वामी , प्रताप नारायण पाल अन्य विद्यालय संचालक उपस्थित रहे।
एसोसिएशन ने प्रशासन से मांग की कि ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए निजी विद्यालयों पर लगाए जा रहे इन अतिरिक्त कर एवं लाइसेंस संबंधी प्रावधानों पर तत्काल पुनर्विचार किया जाए।










