ललितपुर। 10 करोड़ नशा मुक्ति प्रतिज्ञा महाअभियान के अंतर्गत आज *जिला कारागार ललितपुर, पहलवान गुरुदीन ग्रुप ऑफ कॉलेज पनारी (समस्त विभाग), पी एम श्री स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय दैलवारा, राजकीय पॉलिटेक्निक ललितपुर, राजकीय हाई स्कूल व उच्च प्राथमिक विद्यालय दैलवारा, पीएम श्री राजकीय बालिका इंटर कॉलेज महरौनी, सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज महरौनी, स्वामी रविंद्रानंद बड़ोनिया महाविद्यालय, सी वी गुप्ता इंटर कॉलेज, स्वामी विवेकानंद इंटर कॉलेज, सेंट लॉरेंस स्कूल तथा कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय महरौनी शिव शक्ति लाइट हाउस महरौनी, वरदानी भवन ललितपुर* में प्रभावशाली जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।

कार्यक्रमों में राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से मन को सकारात्मक, शांत एवं शक्तिशाली बनाने का संदेश दिया गया। सभी को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए बताया गया कि *नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि उसके परिवार, शिक्षा, संस्कार और भविष्य को भी प्रभावित करता है।* युवाओं को अपनी ऊर्जा को शिक्षा, खेल, रचनात्मक कार्यों और श्रेष्ठ लक्ष्यों की ओर लगाने के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अन्य सहभागियों ने नशामुक्त जीवन जीने और समाज को नशामुक्त बनाने में सहयोग देने की प्रतिज्ञा ली। *बहनों ने कहा कि परिवर्तन किसी बड़े कदम से नहीं, बल्कि एक छोटे से दृढ़ संकल्प से शुरू होता है।*

🔥 अभियान के गूंजते संदेश
✓ “नशे को ना, जिंदगी को हां—यही है खुशहाल भविष्य की पहचान।”
✓ “नशा छोड़ो, सपने जोड़ो—अपने भविष्य को नई उड़ान दो।”
✓ “नशे की गुलामी छोड़ो, आत्मविश्वास से रिश्ता जोड़ो।”
✓ “एक संकल्प, एक अभियान—नशामुक्त हो अपना हिंदुस्तान।”
✓ “दिव्य शक्ति का यही पैगाम—नशामुक्त बने अपना हिंदुस्तान।”
कार्यक्रम में यह प्रेरक संदेश भी दिया गया कि *“जिस विद्यार्थी के हाथ में लक्ष्य की किताब है, उसके हाथ में नशे की जरूरत नहीं।”* राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से मन की शक्ति को पहचानने और सकारात्मक विचारों को जीवन में अपनाने का आह्वान किया गया।

अभियान का उद्देश्य *केवल नशे से दूरी बनाना नहीं, बल्कि स्वस्थ सोच, श्रेष्ठ संस्कार, आत्मविश्वास और सकारात्मक जीवनशैली को जन-जन तक पहुंचाना है।* इन कार्यक्रमों ने युवाओं के बीच एक नई चेतना जगाते हुए यह संदेश दिया—“नशामुक्त युवा, सशक्त समाज और विकसित भारत की मजबूत नींव हैं।”






