*कोलकाता, 9 अगस्त 2026: श्री भारतवर्षीय दिगम्बर जैन तीर्थ संरक्षिणी महासभा (प. बंगाल) के तत्वावधान में रविवार को अपराह्न 2.30 बजे क्लब हाउस, विवेक बिहार, साउथ हावड़ा (कोलकाता) में पोंडरा जैन समाज के चार प्रतिनिधियों का परम पूज्य 108 श्री वसुनंदी जी महाराज ससंघ के सानिध्य में भव्य अभिनंदन किया गया।*

*कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन एवं चित्र अनावरण के साथ हुआ। इस अवसर पर तीर्थ संरक्षिणी महासभा के राष्ट्रीय महामंत्री राजकुमार जैन सेठी,श्री विजय सरावगी,श्री विकास कासलीवाल,शशि जैन एवं श्री पवन पाटोदी सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।*
*राष्ट्रीय महामंत्री श्री राजकुमार जैन सेठी ने पोंडरा जैन समाज का परिचय देते हुए बताया कि अंतिम श्रुत केवली आचार्य भद्रबाहु के वंशज माने जाने वाले पोंडरा जैन समाज ने मद्य,मांस व मदिरा का त्याग कर अहिंसा व्रत, णमोकार मंत्र पाठ,शांतिधारा एवं अभिषेक का नियम लेते हुए जैन धर्म को अपनाया है। ये प्रतिनिधि भगवान महावीर के सिद्धांतों पर चलते हुए 18-19 जुलाई 2026 को गंगासागर में वेदी प्रतिष्ठा के दौरान अभिषेक व शांतिधारा करने वाले पोंडरा जैन समाज के 4 प्रतिनिधि हैं:*
डॉ. निर्मल कुमार मण्डल
श्री शरतचन्द्र मण्डल
श्री श्रीधरचन्द्र दास
श्री शंभू मण्डल
*श्री राजकुमार जैन सेठी ने पूज्य आचार्य श्री वसुनंदी जी महाराज को नमन करते हुए कहा कि पूज्य महाराजश्री के आशीर्वाद से गंगासागर में मात्र 7 दिनों के भीतर ‘जिन चैत्यालय’ की स्थापना होना एक अलौकिक कार्य है। महाराजश्री ने 11 जुलाई को प्रेरणा दी थी कि पहले जिन मंदिर का निर्माण हो, तत्पश्चात आगे बढ़ें। उन्हीं के आशीर्वचनों के परिणामस्वरूप 18-19 जुलाई को वेदी प्रतिष्ठा संपन्न हुई और भगवान पार्श्वनाथ, भगवान मल्लिनाथ एवं भगवान आदिनाथ की प्रतिमाएं विराजमान हुईं।*
*पूज्य आर्यिका माता एवं आचार्य श्री वसुनंदी जी महाराज के आशीर्वचन के पश्चात महासभा के प्रतिनिधियों द्वारा पोंडरा जैन समाज के चारों महानुभावों को माला, दुपट्टा, बैच एवं मुकुट पहनाकर तथा पूज्य उपाध्यायश्री द्वारा अभिनंदन पत्र प्रदान कर सम्मानित व स्वागत किया गया।*
*निवेदक:*
*राजकुमार जैन सेठी, महामंत्री (तीर्थ संरक्षिणी महासभा)*
*विजय कुमार सरावगी,प्रचार मंत्री (तीर्थ संरक्षिणी महासभा,पश्चिम बंगाल)*








